नई दिल्ली : नीति आयोग के दरिद्रता सूचकांक में असम का प्रदर्शन काफी खराब रहा है। नीति आयोग के मुताबिक असम पूर्वोत्तर का दूसरा सबसे गरीब राज्य है। क्षेत्र में सबसे बदहाल मेघालय को बताया गया है। अखिल भारतीय स्तर की बात करें तो असम 32.67 प्रतिशत के साथ दरिद्रता सूचकांक में देश का छठा सबसे गरीब राज्य है।
नागालैंड 25.23 प्रतिशत के साथ दसवां, अरुणाचल प्रदेश 24.27 प्रतिशत के साथ 11वां, मणिपुर 17.89 प्रतिशत के साथ 14वां, त्रिपुरा 16. 65 प्रतिशत के साथ सौलहवां तथा मिजोरम 9.80 प्रतिशत के साथ है 22 वां गरीब राज्य हैं। मेघालय सर्व भारतीय स्तर पर देश का पांचवा सबसे गरीब राज्य है।
दरिद्रता सूचकांक पहले नंबर पर बिहार, दूसरे पर झारखंड, तीसरे पर उत्तर प्रदेश और चौथे पर मध्यप्रदेश है। देश में केरल, पुडुचेरी, गोवा, सिक्किम और पंजाब सबसे धनी राज्य हैं। गौरतलब है कि यह आंकड़ा सामने आने के बाद असम में विभिन्न दल संगठन लगातार सरकार पर हल्ला बोल रहे हैं। उनका कहना है कि सरकार के सही नीति का अभाव होने के कारण लोगों में गरीबी बढ़ रही है।
सरकारी तंत्र का रवैया योजनाओं के क्रियान्वयन से ज्यादा उसमें घोटाले कर रकम हड़पने की होती है। इसलिए सरकार की तमाम कोशिशों के बावजूद गरीबी कम नहीं हो रही है।





