नई दिल्ली: दिल्ली की एक अदालत से पूर्व केंद्रीय मंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता शशि थरूर को पत्नी सुनंदा पुष्कर की मौत का मामले बड़ी राहत मिली है। अदालत ने उन्हें सभी आरोपों में बरी कर दिया है। राऊज एवेन्यू कोर्ट ने शशि थरूर पर आरोप तय करने से इनकार कर दिया।
गौरतलब है कि सुनंदा पुष्कर 17 जनवरी 2014 की रात दिल्ली के एक फाइव स्टार होटल में मृत पाई गई थीं। उनकी मौत के बाद शशि थरूर पर पुलिस ने धारा 306 (आत्महत्या के लिए उकसाने) और धारा 498 (क्रूरता) का आरोप लगाया था।
इस मामले में शशि थरूर मुख्य आरोपी थे। सुनंदा पुष्कर की मौत मामले में 29 सितंबर 2014 को एम्स के मेडिकल बोर्ड ने शव की पोस्टमार्टम रिपोर्ट दिल्ली पुलिस को सौंप दी थी। इस रिपोर्ट में कहा गया था कि सुनंदा की मौत जहर से हुई है।
अदालत के फैसले के बाद शशि थरूर ने एक बयान जारी कर न्यायाधीश गीतांजलि गोयल के फैसले के लिए धन्यवाद दिया। इस फैसले से उस दुःस्वप्न की परिणति हुई जिससे मुझे अपनी पत्नी सुनंदा पुष्कर के निधन के बाद गुजरना पड़ा। उन्होंने आगे कहा कि उन पर निराधार आरोप लगाए गए जिसकी वजह से उन्हें काफी बदनामी झेलनी पड़ी। लेकिन उन्हें न्यायपालिका में पूरा विश्वास था। आज के फैसले ने इस बात को प्रमाण कर दिया है। हमारा पूरा परिवार को सुनंदा की आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना करेगा। उन्होंने अपने वकीलों का धन्यवाद किया।



