नई दिल्ली : केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण आज आम बजट 2022-23 पेश किया। इस दौरान उन्होंने देश के युवाओं के लिए 60 लाख नौकरियां पैदा करने का एलान किया। उन्होंने बताया कि सरकार इनके अलावा 30 लाख अन्य नौकरियों के अवसर भी तैयार करेगी। साथ ही, स्टार्टअप को भी प्रमोट किया जाएगा। उन्होंने कहा कि रेलवे व्यवस्था को बेहतर करने के लिए हाई-स्पीड ट्रेनों के प्रसार की बड़ी घोषणा की।
इनमें एक बड़ा एलान भारत की मौजूदा सबसे तेज वंदे भारत ट्रेनों की संख्या बढ़ाने का भी रहा। सीतारमण ने कहा कि आत्मनिर्भर भारत योजना के तहत अगले तीन साल में 400 नई जेनरेशन की वंदे भारत ट्रेनों को विकसित किया जाएगा। यह ट्रेनें बेहतर ऊर्जा दक्षता (एनर्जी एफिशियंट) वाली होंगी। इनमें यात्रियों के सफर का अनुभव भी बेहतर बनाया जाएगा। छोटे किसानों-उद्यमों के उत्पादों को बढ़ावा देने का काम करेगा रेलवे वित्त मंत्री ने रेलवे से जुड़े अपने एक और एलान में कहा, “रेलवे आने वाले समय में छोटे किसानों और छोटे उद्यमों के नए उत्पादों को तैयार करने और बेहतर लॉजिस्टिक मुहैया कराने का काम करेगा।
अगले तीन वर्षों में 100 पीएम गति शक्ति कार्गो टर्मिनल विकसित किए जाएंगे, ताकि लॉजिस्टिक की व्यवस्था को बेहतर किया जा सके। रेलवे आने वाले समय में नए उत्पाद की तैयारी और उनके प्रसार में काम करेगा। रेलवे के नेटवर्क के पोस्टल नेटवर्क के साथ एकीकरण के जरिए पार्सल की आवाजाही को सुनिश्चित किया जाएगा। इसके अलावा एक स्टेशन-एक उत्पाद की अवधारणा के जरिए स्थानीय व्यापार और सप्लाई चेन की बेहतरी की कोशिश की जाएगी। 2022-23 में दो हजार किमी के रेलवे नेटवर्क को ‘कवच’ के अंतर्गत लाया जाएगा।
यह स्वदेशी विश्वस्तरीय तकनीक है, जिसके जरिए सुरक्षा और क्षमता दोनों को बढ़ाने का काम होगा। इसके अलावा मेट्रो सिस्टम को बेहतर करने के लिए नवीन तरीके लागू किए जाएंगे। रेलवे स्टेशन और शहरी परिवहन के बीच मल्टी मॉडल कनेक्टिविटी को प्राथमिकता से बढ़ावा दिया जाएगा। भारत की स्थितियों और जरूरतों के तहत नए मेट्रो सिस्टम भी तैयार किए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि किसानों का समावेशी विकास सरकार की प्राथमिकता में शामिल है। उनके विकास के लिए सरकार हर संभव कदम उठा रही है। वित्त मंत्री ने इस दौरान घोषणा की कि एक हजार लाख मीट्रिक टन धान खरीद से किसान लाभान्वित होने जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि एक लाख मीट्रिक टन धान खरीद के अंतर्गत धान, खरीफ व रबी की फसलों के किसान लाभान्वित होंगे। इस माध्यम से एक करोड़ से ज्यादा किसानों को लाभान्वित किए जाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।






