नई दिल्ली : भारत में मौसम का मिजाज तेजी से बदल रहा है और देश के अधिकांश हिस्सों में मानसूनी गतिविधियों में भारी तेजी आई है। दक्षिण-पश्चिम मानसून देश के कई राज्यों में पूरी तरह सक्रिय हो चुका है, जिसके कारण मैदानी से लेकर पहाड़ी इलाकों तक लगातार मूसलाधार बारिश का दौर जारी है। हालांकि, देश की भौगोलिक स्थिति के चलते मौसम का यह रूप हर जगह एक समान नहीं है; जहां एक तरफ कई राज्य भारी बारिश और बाढ़ जैसी स्थिति से जूझ रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ कुछ उत्तर और पूर्वी क्षेत्रों में सूरज की तपिश और भीषण गर्मी अब भी लोगों को परेशान कर रही है। मौसम की इस दोहरी मार के बीच भारतीय मौसम विज्ञान विभाग लगातार नजर बनाए हुए है और पल-पल की चेतावनी जारी कर रहा है।इस मानसूनी सीजन में सबसे गंभीर स्थिति पश्चिमी तट पर बनती दिख रही है, जहां मौसम विभाग ने महाराष्ट्र के मुंबई और पालघर जिलों के लिए अत्यंत भारी बारिश का ‘रेड अलर्ट’ जारी किया है। प्रशासन ने इस चेतावनी को देखते हुए तटीय और निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को विशेष रूप से सतर्क रहने को कहा है, साथ ही आम नागरिकों को बेहद जरूरी होने पर ही घरों से बाहर निकलने की सख्त सलाह दी गई है ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना या जलजमाव के कारण पैदा होने वाले ट्रैफिक जाम से बचा जा सके। मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि अरब सागर से उठने वाली तीव्र मानसूनी हवाओं के कारण आने वाले दिनों में मानसून की यह रफ्तार और तेज होगी, जिससे गुजरात और मध्य प्रदेश सहित देश के कई अन्य मध्य और पश्चिमी राज्यों में भी मूसलाधार बारिश का दायरा आगे बढ़ेगा।दूसरी ओर, देश की राजधानी दिल्ली और उसके आसपास के राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में भी मौसम करवट ले रहा है। दिल्लीवासियों को पिछले कुछ समय से उमस और चिलचिलाती धूप का सामना करना पड़ रहा था, लेकिन अब यहां आसमान में बादलों की आवाजाही के साथ हल्की बारिश और तेज हवाएं चलने की प्रबल संभावना बन गई है, जिससे तापमान में गिरावट आने और लोगों को भीषण गर्मी से बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। इसके विपरीत, उत्तर प्रदेश और बिहार के कुछ आंतरिक और मैदानी इलाकों में स्थिति अभी भी चुनौतीपूर्ण बनी हुई है, जहां मानसून की कशमकश के बीच हीटवेव यानी लू का खतरा लगातार मंडरा रहा है। इन क्षेत्रों में गर्म हवाओं के थपेड़ों और ऊंचे तापमान के कारण लोगों का हाल बेहाल है, जिसके मद्देनजर स्वास्थ्य और मौसम विभाग ने स्थानीय जनता को दोपहर के समय सीधे धूप के संपर्क में न आने और सरकारी मौसम संबंधी चेतावनियों व स्वास्थ्य सुरक्षा नियमों का कड़ाई से पालन करने की सलाह दी है।
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