नई दिल्ली : केंद्रीय पत्तन, पोत परिवहन और जलमार्ग मंत्री सर्वानंद सोनोवाल ने जवाहरलाल नेहरू पोर्ट अथॉरिटी (जेएनपीए) के 37वें स्थापना दिवस समारोह के अवसर पर वित्त वर्ष 2024-25 के लिए लॉजिस्टिक्स पोर्ट परफॉर्मेंस इंडेक्स (एलपीपीआई) और जहाजरानी क्षेत्र में सुधार के लिए चार प्रमुख डिजिटल पहल लॉन्च की हैं। सागर आकलन ढांचे के तहत विकसित यह सूचकांक भारतीय बंदरगाहों के परिचालन प्रदर्शन का आकलन और सुधार करने के लिए एक राष्ट्रीय बेंचमार्किंग प्रणाली है, जो पीएम गति शक्ति राष्ट्रीय मास्टर प्लान और मैरीटाइम इंडिया विजन के अनुरूप है। यह सूचकांक शुष्क बल्क, लिक्विड बल्क और कंटेनर कार्गो जैसे तीन श्रेणियों में बंदरगाहों की दक्षता, टर्नअराउंड समय और विभिन्न परिचालन संकेतकों के आधार पर मूल्यांकन करता है। प्रमुख प्रदर्शन करने वाले बंदरगाहों में शुष्क बल्क श्रेणी में पारादीप पोर्ट, लिक्विड बल्क में सिक्का पोर्ट और कंटेनर कार्गो श्रेणी में मुंद्रा पोर्ट शीर्ष पर रहे, जबकि जेएनपीए दूसरे स्थान पर रहा। इसके साथ ही नाविकों और समुद्री हितधारकों के लिए सेवा वितरण और पारदर्शिता को बेहतर बनाने के उद्देश्य से महानिदेशालय जहाजरानी (डीजीएस) द्वारा विकसित चार महत्वपूर्ण डिजिटल प्रणालियों की शुरुआत की गई। इनमें ई-नाविक प्लेटफॉर्म के तहत 24×7 शिकायत निवारण मॉड्यूल, ई-समुद्र प्लेटफॉर्म पर जहाज पंजीकरण मॉड्यूल, मेडिकल प्रैक्टिशनर मॉड्यूल और एक एकीकृत जहाज पुनर्चक्रण क्रेडिट नोट मॉड्यूल शामिल हैं। शिकायत निवारण प्रणाली के जरिए दुनिया भर में काम कर रहे भारतीय नाविक अब विभिन्न माध्यमों से अपनी शिकायतें दर्ज करा सकेंगे। केंद्रीय मंत्री ने जेएनपीए के शानदार प्रदर्शन की सराहना करते हुए कहा कि बंदरगाह ने वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान 102 मिलियन मीट्रिक टन से अधिक कार्गो संभाला है। उन्होंने रेखांकित किया कि सरकार के निरंतर प्रयासों से वैश्विक लॉजिस्टिक्स रैंकिंग में भारत के प्रदर्शन में काफी सुधार हुआ है, जिससे देश अंतरराष्ट्रीय शिपमेंट श्रेणी में 44वें से 22वें स्थान पर पहुंच गया है और दुनिया के शीर्ष 100 कंटेनर बंदरगाहों में भारत के सात बंदरगाहों को जगह मिली है।
पार्टी विरोधी सोशल मीडिया पोस्ट करने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई
त्रिपुरा, अगरतला : त्रिपुरा के मुख्यमंत्री माणिक साहा ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेताओं और कार्यकर्ताओं को सोशल मीडिया...
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